Dear Best Friend ....❣️

     Dear Best Friend.....❣️

वक्त के सिक्कों के बिच लटके हुए हों,
कहीं से दिल हारे लगते हो।

आसमान से अपने अलग जी रहे हो,
कोई टूटे सितारे लगते हो।

अपनी खुशियों से दूर खड़े तुम,
अपनों से ही हारे लगते हो।

भरोसा करते नहीं आसानी से,
किसी की चाहत के मारे लगते हो।

झुकी झुकी नजरे रखते हो आजकल,
कोई जीती हुई मंजिल हारे लगते हो।

खुद की नजरों में कुछ खास अहमियत नहीं तुम्हारी,
किसी को खुदा मान मस्जिद से निकाले लगते हो।


     ........✍️ Saurabh Yadav 😇

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