इश्क....❤️

 इश्क....❤️

तेरी आंखे है या इश्क का प्याला

जो भी देखता बस खो जाता है,

कुछ बोले बिना ही आंखे बहुत कुछ कहती हैं

सुनने वालों को इश्क हो जाता है।

कुछ तो जादू है तेरी आंखों में

इशारों से ही हजारों दिल घायल हो जाता है,

गहराई इतनी की समुंदर भी छोटा लगे

जो डूबता है उसे इश्क हो जाता है।

इश्क के फूल खिलते हैं तेरी आंखों से

देख लो एक नज़र खुशबू बिखर जाती हैं,

तेरी आंखों में नशा है शराब का

पीने वालो को इश्क हो जाता है।

क्या कशिश है तेरी आंखों में

दिल बहलता नही बहक जाता है,

लाख कोशिश करने पर भी दिल संभलता नही

बार बार देखने के जिद्द में इश्क हो जाता है।

जब देखते हैं काजल की लकीरें तेरी आंखों में

चांद की खूबसूरती रात से क्यो है समझ आ जाता है,

हाय का पर्दा जो हैं तेरी खुबसुरत आंखो में

पलके जब झुकती है तो इश्क हो जाता है।

......…....✍️ Saurabh Yadav 😇


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